Wednesday, September 24, 2014

तेरे बिन नहीं जीना

तेरे बिन नहीं जिया रे 
तेरे बिन नहीं जीना 
मर मर के जी लेते हैं 
तेरे बिन नहीं जीना 

सतरंगी मनरंगी अदाएं   
तीखे नयन निराले 
मृगनयनी तू मनमोहिनी है 
सब कुछ तुझमे भायेssss 
सब कुछ तुझमे भाये 
तेरे बिन नहीं जीना ........

तेरे बिन नहीं जिया रे ssss
तेरे बिन नहीं जीना 

यादें तेरी या भक्ति प्रभु की 
सब्र का घूंट पीना रेssss
सब्र का घूंट पीना 
एक ही साधे सब सधे  
तू ही मेरी हिना रेssss
तू ही मेरी हिना 

तेरे बिन नहीं जिया रे ssss
तेरे बिन नहीं जीना 

सावन की झरी अगन लगाये 
मुश्किल में है जीना रेssss
मुश्किल में है जीना 
तुमसे बिछड़ के हूँ ही कहाँ रेssss
तेरे बिन नहीं जीना 

तेरे बिन नहीं जिया रे ssss
तेरे बिन नहीं जीना 

दूर बहुत दूर - चाँद भी दूर 
ठंढी हवा के झोंके भी दूर 
रूह की महक रूह ही जाने 
सब कुछ तुझमें समाया रे ssss 
सब कुछ तुझमें समाया

तेरे बिन नहीं जिया रे ssss
तेरे बिन नहीं जीना 

No comments:

Post a Comment