दीप जलाओ-दिल से करो दिल को रोशन
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Firaq Gorakhpuri ka ek sher-
Muddte gujri, Aur teri yaad bhi na aai hame
Aur hum bhul gaye hotujhr, Aisa bhi nahi
पता नहीं तुझे
मुझसे शुभकामना सन्देश का
इंतज़ार है या नहीं
पता नहीं तुझे
इंतज़ार होना भी चाहिए भी या नहीं
पता नहीं मैं
ये क्यों आशा करता
कि तुझे इंतज़ार होना था चाहिए
Fir bhi
दीप जलाओ - दीप जलाओ
मनाओ दिवाली रे
दिल से करो दिल को रोशन
आई दिवाली रे
शुभकामना का सन्देश भेजो
आई दिवाली रे
मीठे-मीठे मिठाई खा लो
आज दिवाली रे
दीप जलाओ - दीप जलाओ
आई दिवाली रे
दिल से करो दिल को रोशन
आज दिवाली रे
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Firaq Gorakhpuri ka ek sher-
Muddte gujri, Aur teri yaad bhi na aai hame
Aur hum bhul gaye hotujhr, Aisa bhi nahi
पता नहीं तुझे
मुझसे शुभकामना सन्देश का
इंतज़ार है या नहीं
पता नहीं तुझे
इंतज़ार होना भी चाहिए भी या नहीं
पता नहीं मैं
ये क्यों आशा करता
कि तुझे इंतज़ार होना था चाहिए
Fir bhi
दीप जलाओ - दीप जलाओ
मनाओ दिवाली रे
दिल से करो दिल को रोशन
आई दिवाली रे
शुभकामना का सन्देश भेजो
आई दिवाली रे
मीठे-मीठे मिठाई खा लो
आज दिवाली रे
दीप जलाओ - दीप जलाओ
आई दिवाली रे
दिल से करो दिल को रोशन
आज दिवाली रे
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